भाग २..
फ़ुक़ेत स्थित “मैरियोट” के सेवन स्टार “विला” में रहने का अपना ही मज़ा था। हम मुम्बई से बैंकॉक और बैंकॉक से फ़ुक़ेत पहुँचते हैं। एयर पोर्ट पर मैरियट की गाड़ी पिक अप करने वक़्त से पहले आ जाती है।कनेक्टिंग फ्लाइट होने से लगेज पीछे छूट जाता है पर शाम तक लगेज होटल पहुँच जाता है।
विला का इंटीरियर देखते ही बनता था।
ग्रैंड दो बेड रूम, अटैच्ड डबल बाथटब वाले बाथरूम, एक लिविंग रूम और सबसे ख़ास.. साथ में अटैच्ड किचन जो सब सुविधा, गैजेट्स ये युक्त था। बेड रूम को अटैच्ड खुली गैलरी, दिल बाग बाग हो गया। रूम के बाहर स्विमिंग टैंक , थीम रेस्टोरेंटस, स्पा रूम , जिम, साइकिल सब कुछ था वहाँ पर।
हमने चारों दिन रूम में ब्रेकफास्ट बनाया। रात का खाना भी बनाया। होटल के बाहर ही “७-११” नाम से एक सुपर शॉप थी जहाँ फल सब्ज़ी से लेकर सभी पैकेज्ड फ़ूड उपलब्ध थे। वहाँ समस्या थी तो vegan, veg आइटमस की उपलब्धता की।
“विला” में किचन है यह पहले से ही मालूम था तो श्रीमातीजीने दाल,चावल, सिका हुआ रवा, मसाले इतनाही नहीं तो कच्ची घानी का तेल भी साथ में ठूँस लिया था। कपड़े कम और खाने का सामान ज़्यादा।
दोपहर को बाहर घूमने निकल जाते तो खाना बाहर ही हो जाता। पर रात को मनपसंद अपनी टेस्ट वाला खाना बनाया जाता। दूसरा कुछ काम न होने से कुकिंग में मुझे मदद करनी ही पड़ती। ज़्यादातर सब्ज़ियाँ मैं काट देता, कभी कभी प्लेट्स आदि साफ़ कर देता और वो कहती तो उसे जमा भी देता।
बाहर जब भी खाना खाया तो veg डिश ढूँढनी पड़ती। खाने में उनका “सिंगल बाउल” आइटम का कॉन्सेप्ट बहुत अच्छा लगा। एक ही बाउल में सब कुछ…नूडल्स या राइस साथ में सब्ज़ियाँ, सी फ़ूड आइटम, स्पाइसेस, सॉसेस आदि।
अपने यहाँ अक्सर खाने में ५-६ अलग अलग आइटम्स।
क्रमशः भाग ३
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है ना लाइफ इस टेस्टी yet ब्यूटीफुल?
आनंद मल्हारा
६-१-२४ , जलगाँव
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